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सुमन कल्याणपुर की तुलना अक्सर लता मंगेशकर से कई गई. उनकी आवाज बिल्कुल लता मंगेशकर की तरह ही थी. कहा जाता है कि किसी फिल्ममेकर को फिल्म में लता से गाना गंवाना होता था, और उनके पास डेट नहीं होती थी या वह मना करती थीं तो सुमन कल्याणपुर को मौका मिलता था. सुमन ने 700 से ज्यादा फिल्मी और गैर फिल्म गाने गाए. मोहम्मद रफी के साथ 140 गाने गाए. उन्होंने साल 1961 में आई फिल्म ‘जिंदगी और ख्वाब’ में राजेंद्र कुमार और मीना कुमारी पर फिल्माया एक रोमांटिक गाना गाया. इस गाने का नाम ‘ना जाने कहां तुम थे’ गाया है. 3 मिनट 38 सेकेंड इस रोमांटिक गाने को उन्होंने मन्ना डे के साथ गाया है. फिल्म की तरह यह गाना भी हिट हुआ था. गाने में मीना और राजेंद्र कभी झील किनारे तो कभी बाग में रोमांस करते दिख रहे हैं.
सुमन कल्याणपुर (28 जनवरी 1937 – 31 मई 2026) भारतीय संगीत के सुनहरे युग की एक दिग्गज पार्श्वगायिका थीं। उन्होंने 11 भाषाओं में 3,000 से अधिक गीत गाए और 1960-70 के दशक में अपनी सुरीली आवाज से संगीत जगत में अमिट छाप छोड़ी।
प्रारंभिक जीवन और शिक्षा
सुमन कल्याणपुर का जन्म (मूल नाम: सुमन हेम्मडी) ढाका (अब बांग्लादेश) में हुआ था। उनके पिता 1943 में मुंबई आकर बस गए, जिसके बाद उन्होंने सेंट कोलंबिया हाई स्कूल से पढ़ाई की और जे.जे. स्कूल ऑफ आर्ट्स से चित्रकारी सीखी। उन्होंने केशवराव भोले से शास्त्रीय संगीत की शिक्षा ली।
गायन करियर
उनके करियर की शुरुआत 1954 में फिल्म ‘मंगू’ के गीत “कोई पुकारे धीरे से” से हुई। उन्हें हिंदी फिल्म इंडस्ट्री में उस समय बड़ी सफलता मिली जब उन्होंने मोहम्मद रफ़ी और मुकेश जैसे दिग्गजों के साथ सदाबहार युगल गीत गाए। उनके कुछ सबसे लोकप्रिय गीतों में “आजकल तेरे मेरे प्यार के चर्चे”, “नाना करते प्यार तुम ही से”, और “तुमने पुकारा और हम चले आए” शामिल हैं। लता मंगेशकर के साथ उनकी आवाज की अद्भुत समानता अक्सर संगीत प्रेमियों को मंत्रमुग्ध कर देती थी।
उपलब्धियां और सम्मान
- 2023: भारत सरकार द्वारा प्रतिष्ठित पद्म भूषण से सम्मानित।
- 2017: मध्य प्रदेश सरकार द्वारा राष्ट्रीय लता मंगेशकर पुरस्कार।
- 2009: महाराष्ट्र सरकार का गणसमरागिनी लता मंगेशकर पुरस्कार।
निजी जीवन
1958 में उनकी शादी मुंबई के एक व्यवसायी रामानंद कल्याणपुर से हुई। इस दंपति की एक बेटी है, जिसका नाम चारू अग्नि है। 89 वर्ष की आयु में वृद्धावस्था के कारणों से 31 मई 2026 को मुंबई (लोखंडवाला) में उनका निधन हो गया।
सुमन कल्याणपुर हिंदी सिनेमा की एक बेहद लोकप्रिय और प्रतिष्ठित पार्श्व गायिका थीं। उन्होंने अपने शानदार करियर में कई बेहतरीन गीत गाए। उनके द्वारा गाए गए कुछ सबसे प्रसिद्ध गीतों की सूची यहाँ दी गई है
- तुमने पुकारा और हम चले आए (फ़िल्म: राज कुमार)
- आजकल तेरे मेरे प्यार के चर्चे (फ़िल्म: ब्रह्मचारी)
- ना ना करते प्यार तुम्ही से कर बैठे (फ़िल्म: जब जब फूल खिले)
- मेरा प्यार भी तू है (फ़िल्म: साथी)
- तुमसे ओ हसीना (फ़िल्म: फ़र्ज़)
- मुझको अपने गले लगा लो (फ़िल्म: हमराही) [1]

